हिंदी गौरव

हिंदुस्तान


मैंने यह कविता देश के उन शहीदों की आत्मीय पीड़ा को ध्यान में रखकर लिखा है, जिन्होंने बिना किसी स्वार्थ के देश के लिए त्याग और बलिदान किया ,और आज हम सबने मिलकर उनके सपनो के हिंदुस्तान का क्या हाल कर दिया | यह कविता उनके दर्द को बयाँ करती है जहाँ शहीद भगत सिंह जी को तो शहीद का दर्ज नहीं मिलता लेकिन हाफिज सईद को श्री हफीज सईद कहा जाता है | आशा है आप सब मेरी कविता द्वारा अपने शहीदों की पीड़ा को समझने का कस्ट करेंगे |

धन्यवाद्

आपका अपना

संजय सिंह “भारतीय “


योगदान : Sanjay Singh
प्रकाशन दिनांक :
print

नवीनतम लेख

a summer camp was organised for teaching hindi in minsk city of belarus by alesia.
BOOK WRITER, POEM, POET, SUBODH